


हरिद्वार/देहरादून। दिव्यांगजनों को बेहतर और सुलभ स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से भारत सरकार द्वारा नेशनल ट्रस्ट के माध्यम से संचालित निरामया स्वास्थ्य बीमा योजना को जनपद में प्रभावी रूप से लागू किया जा रहा है। इस योजना के तहत सेरेब्रल पाल्सी, ऑटिज्म, मानसिक मंदता एवं बहु-दिव्यांगता से ग्रसित व्यक्तियों को स्वास्थ्य बीमा सुविधा प्रदान की जाएगी।
जिला समाज कल्याण अधिकारी दीपांकर घिल्डियाल ने बताया कि योजना के अंतर्गत पात्र दिव्यांगजनों को प्रतिवर्ष ₹1 लाख तक का स्वास्थ्य बीमा कवर मिलेगा। इस बीमा में ओपीडी उपचार, दवाइयां, पैथोलॉजी एवं डायग्नोस्टिक जांच, डेंटल प्रिवेंटिव डेंटिस्ट्री, नॉन-सर्जिकल हॉस्पिटलाइजेशन तथा जन्मजात दिव्यांगता से संबंधित करेक्टिव सर्जरी का खर्च शामिल किया गया है।

उन्होंने बताया कि दिव्यांगता से जुड़ी समस्याओं को कम करने के लिए चल रही थेरेपी, वैकल्पिक चिकित्सा एवं अन्य उपचार संबंधी खर्चों का भुगतान भी योजना के तहत किया जाएगा। सामान्य श्रेणी के दिव्यांगजनों को योजना का लाभ लेने के लिए मात्र ₹500 वार्षिक प्रीमियम देना होगा, जबकि बीपीएल परिवारों से जुड़े दिव्यांग व्यक्तियों को कोई प्रीमियम नहीं देना पड़ेगा।
जिलाधिकारी सविन बंसल ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के प्रथम चरण में 500 दिव्यांग व्यक्तियों का स्वास्थ्य बीमा प्रीमियम जिला योजना के दिव्यांग कल्याण मद से जमा कराने की स्वीकृति प्रदान की है। इससे 500 पात्र दिव्यांगजनों को सीधे स्वास्थ्य बीमा योजना का लाभ मिलेगा।
डीएम ने जिला समाज कल्याण अधिकारी को पात्र लाभार्थियों का चयन सुनिश्चित करने तथा जिला दिव्यांग पुनर्वास केंद्र (डीडीआरसी) देहरादून को बीमा आवेदन ऑनलाइन कराने के निर्देश दिए हैं।
