

रुड़की, (काशिफ सुल्तान ) शहर में जल निकासी की समस्या से जूझ रही करीब 50 हजार की आबादी के लिए राहत की उम्मीद जगी है। रुड़की शहर की जल निकासी व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए प्रस्तावित करीब 500 करोड़ रुपये की योजना के प्रथम चरण का टेंडर जारी कर दिया गया है।
सिंचाई कार्य मंडल हरिद्वार की ओर से 14 अगस्त को 155.66 करोड़ रुपये के कार्य के लिए ई-निविदा जारी की गई है। योजना के तहत शहर में स्टॉर्म वाटर ड्रेनेज सिस्टम का निर्माण कराया जाएगा।सिंचाई कार्य मंडल हरिद्वार की ओर से जारी ई-निविदा के अनुसार कार्य पूरा करने की अवधि 18 माह निर्धारित की गई है। निविदा प्रक्रिया टू-बिड प्रणाली के तहत होगी।
योजना को शहर की जल निकासी व्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। लंबे समय से कृष्णानगर समेत शहर के कई इलाकों में बारिश के दौरान जलभराव की समस्या बनी हुई है।नालियों और पुराने ड्रेनेज सिस्टम की क्षमता कम होने के कारण बारिश का पानी समय पर बाहर नहीं निकल पाता। इससे लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। नए स्टॉर्म वाटर ड्रेनेज सिस्टम के निर्माण के बाद जलभराव की समस्या से प्रभावित क्षेत्रों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।मेयर अनीता ललित अग्रवाल ने बताया कि 155 करोड़ रुपये के प्रथम चरण की डीपीआर नगर निगम की ओर से तैयार कर शासन को भेजी गई थी।
शासन स्तर से अब इसका टेंडर जारी कर दिया गया है। टेंडर प्रक्रिया पूरी होने के बाद जल्द निर्माण कार्य शुरू कराने की दिशा में कदम उठाए जाएंगे।उन्होंने बताया कि पूरी योजना करीब 500 करोड़ रुपये की है। प्रथम चरण के बाद नगर निगम की ओर से दूसरे चरण की डीपीआर तैयार कर शासन से स्वीकृति और बजट जारी कराने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। योजना के तहत शहर के जल निकासी नेटवर्क को प्रमुख दिशाओं में विकसित किया जाएगा। कुछ क्षेत्रों के पानी की निकासी शिलाखाला नाले और कुछ क्षेत्रों की निकासी सोलानी नदी की ओर की जाएगी।
