


देहरादून। उत्तराखंड के औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों (आईटीआई) से प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले युवाओं को केंद्र सरकार की अग्निपथ योजना में विशेष लाभ मिलेगा। प्रदेश के 153 राजकीय और 82 निजी आईटीआई में शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए प्रवेश प्रक्रिया शुरू हो गई है। इस वर्ष अभ्यर्थियों को अपनी पसंद के अधिकतम 10 ट्रेड और संस्थानों का विकल्प चुनने की सुविधा दी गई है।
कौशल विकास एवं सेवायोजन विभाग द्वारा राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों में प्रवेश के लिए ऑनलाइन पंजीकरण प्रक्रिया 8 जून से शुरू कर दी गई है। इच्छुक छात्र परिषद की आधिकारिक वेबसाइट पर दो चरणों में आवेदन कर सकते हैं। पहले चरण में अभ्यर्थियों को व्यक्तिगत विवरण, शैक्षिक योग्यता संबंधी जानकारी भरने के साथ आवश्यक दस्तावेज अपलोड करने होंगे। इसके बाद राज्य स्तरीय मेरिट सूची जारी की जाएगी।

दूसरे चरण में केंद्र सरकार द्वारा सीट मैट्रिक्स जारी होने के बाद पोर्टल पुनः खोला जाएगा। अभ्यर्थी अपनी मेरिट और रैंक के अनुसार न्यूनतम एक तथा अधिकतम 10 संस्थानों और ट्रेड्स का वरीयता क्रम निर्धारित कर विकल्प लॉक कर सकेंगे। आवेदन प्रक्रिया से संबंधित किसी भी सहायता के लिए विभाग ने हेल्पलाइन नंबर 7302663922 जारी किया है।
कौशल विकास विभाग के सचिव सी. रविशंकर तथा निदेशक संजय कुमार के अनुसार राज्य में वर्तमान में 153 सरकारी और 82 निजी आईटीआई संचालित हैं। इन संस्थानों से प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले युवाओं को अग्निपथ योजना के तहत विशेष लाभ दिया जाएगा। एक वर्षीय आईटीआई कोर्स करने वाले अभ्यर्थियों को 30 बोनस अंक तथा दो वर्षीय कोर्स पूरा करने वालों को 40 बोनस अंक प्रदान किए जाएंगे, जिससे उनके अग्निवीर चयन की संभावनाएं बढ़ेंगी।
आईटीआई उत्तीर्ण छात्र उच्च तकनीकी शिक्षा की दिशा में भी आगे बढ़ सकेंगे। उन्हें पॉलिटेक्निक संस्थानों में सीधे द्वितीय वर्ष में लेटरल एंट्री के माध्यम से प्रवेश का अवसर मिलेगा।
डीएसटी प्रणाली बनी मुख्य आकर्षण
इस वर्ष प्रवेश प्रक्रिया में दोहरी प्रशिक्षण प्रणाली (डीएसटी) विशेष आकर्षण का केंद्र है। राज्य के 54 राजकीय आईटीआई ने देश की प्रमुख कंपनियों जैसे टाटा मोटर्स, बजाज ऑटो, हीरो मोटोकॉर्प, महिंद्रा और वी-गार्ड के साथ समझौते किए हैं।
इस व्यवस्था के तहत दो वर्षीय पाठ्यक्रम के छात्रों को 6 से 12 माह तथा एक वर्षीय पाठ्यक्रम के छात्रों को 3 से 6 माह तक उद्योगों में प्रत्यक्ष प्रशिक्षण प्राप्त होगा। प्रशिक्षण अवधि के दौरान विद्यार्थियों को संबंधित कंपनियों की ओर से प्रतिमाह 8,000 से 12,000 रुपये तक स्टाइपेंड दिया जाएगा। साथ ही भोजन, परिवहन और पीपीई किट जैसी सुविधाएं भी रियायती दरों पर उपलब्ध कराई जाएंगी।
आयु, योग्यता और आरक्षण
सामान्य ट्रेड्स में प्रवेश के लिए न्यूनतम आयु 14 वर्ष निर्धारित की गई है, जबकि डीएसटी ट्रेड्स के लिए अभ्यर्थियों की आयु 18 से 24 वर्ष के बीच होना अनिवार्य है। विभिन्न ट्रेड्स के लिए न्यूनतम शैक्षिक योग्यता 8वीं अथवा 10वीं पास रखी गई है।
उत्तराखंड बोर्ड, रामनगर से 10वीं उत्तीर्ण छात्रों को मेरिट में 5 प्रतिशत अतिरिक्त वेटेज मिलेगा। आवेदन शुल्क अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति वर्ग के लिए 250 रुपये तथा अन्य सभी वर्गों के लिए 350 रुपये निर्धारित किया गया है।
राज्य सरकार की आरक्षण नीति के अनुसार अनुसूचित जाति को 19 प्रतिशत, अनुसूचित जनजाति को 4 प्रतिशत, अन्य पिछड़ा वर्ग को 14 प्रतिशत तथा आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (ईडब्ल्यूएस) को 10 प्रतिशत आरक्षण मिलेगा। इसके अतिरिक्त महिलाओं के लिए 30 प्रतिशत तथा दिव्यांग अभ्यर्थियों के लिए 4 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण का प्रावधान भी किया गया है।
