


हरिद्वार। पुनर्गठित वितरण क्षेत्र योजना (आरडीएसएस) के तहत बिजली का खंभा लगाने के दौरान हुए दर्दनाक हादसे में एक कर्मचारी की मौत हो गई, जबकि चार अन्य कर्मचारी गंभीर रूप से झुलस गए। सभी घायलों का एक निजी अस्पताल में उपचार चल रहा है।
जानकारी के अनुसार, रविवार को पथरीबाग स्थित ओम सिटी के पास आरडीएसएस योजना के अंतर्गत बिजली लाइन से संबंधित कार्य किया जा रहा था। कंपनी के अधीन ठेकेदार के माध्यम से कार्यरत कर्मचारी बिजली का खंभा लगा रहे थे। इसी दौरान खंभा पास से गुजर रही 11 हजार वोल्ट की हाईटेंशन लाइन के संपर्क में आ गया।

खंभे में करंट दौड़ने से वहां मौजूद पांच कर्मचारी इसकी चपेट में आ गए। करंट का झटका इतना तेज था कि उमेश कुमार निवासी अमरोहा (उत्तर प्रदेश) की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पप्पू, जसमान समेत चार अन्य कर्मचारी गंभीर रूप से घायल हो गए।
घटना के तुरंत बाद सभी घायलों को नजदीकी निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका उपचार जारी है। मृतक और घायल सभी कर्मचारी उत्तर प्रदेश के अमरोहा जिले के निवासी बताए जा रहे हैं।
बताया गया है कि कर्मचारी आरडीएसएस योजना के तहत बिजली का खंभा लगाने का कार्य कर रहे थे। हालांकि, हादसे के बाद विभाग और संबंधित कंपनी के अधिकारी योजना के तहत कार्य संचालित होने की जानकारी से पल्ला झाड़ते नजर आए।
एसपी सिटी प्रमोद कुमार ने बताया कि अस्पताल से करंट लगने की सूचना प्राप्त हुई थी। हादसे में एक कर्मचारी की मौत हो गई थी। शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया गया है। मामले की जांच की जा रही है।
इस हादसे के बाद श्रमिकों की सुरक्षा व्यवस्था और कार्यस्थल पर बरती जाने वाली सावधानियों को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं।
