रुड़की बाईपास से नारसन बॉर्डर तक बदहाल हाईवे, स्ट्रीटलाइटें बनीं शोपीस

रुड़की। रुड़की बाईपास से लेकर मंगलौर, लिब्बरहेड़ी, नारसन खुर्द, नारसन कस्बा और नारसन बॉर्डर तक हाईवे की व्यवस्थाएं सवालों के घेरे में हैं। हाईवे पर लगी स्ट्रीट लाइटें लंबे समय से शोपीस बनी हुई हैं। जो एक-दो लाइटें जलती भी हैं, वे कुछ ही देर बाद बंद हो जाती हैं। ऐसे में रात के समय पूरा हाईवे अंधेरे में डूब जाता है। इसके अलावा हाईवे पर जगह-जगह बने बड़े-बड़े गड्ढे भी वाहन चालकों के लिए परेशानी का सबब बने हुए हैं और आए दिन हादसों का खतरा बना रहता है।

हाईवे की बदहाल व्यवस्थाओं को लेकर अब सोशल मीडिया पर भी लोगों में नाराजगी देखने को मिल रही है। स्थानीय लोगों और हाईवे से गुजरने वाले यात्रियों की ओर से लगातार व्यवस्थाओं पर सवाल उठाए जा रहे हैं।

बारिश होते ही दो फीट तक भर जाता है गंदा पानी

नारसन कस्बे में स्थिति और भी चिंताजनक है। मोहम्मदपुर कट से विद्युत उपकेंद्र और फुट ओवरब्रिज से लेकर बड़े रजवाहे तक हल्की बारिश होते ही सर्विस रोड और हाईवे पर करीब दो फीट तक नाले का गंदा और बदबूदार पानी जमा हो जाता है। जल निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण स्थानीय लोगों, राहगीरों और कांवड़ियों को इसी गंदे पानी के बीच से होकर गुजरना पड़ता है।

सबसे ज्यादा परेशानी स्कूल जाने वाले बच्चों को उठानी पड़ती है। मासूम बच्चों को भी पानी से होकर स्कूल आने-जाने के लिए मजबूर होना पड़ता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह समस्या कोई नई नहीं है, बल्कि लंबे समय से बनी हुई है।

शिकायतों के बावजूद नहीं हुआ समाधान

स्थानीय लोगों के अनुसार हाईवे पर पेट्रोलिंग के लिए निकलने वाले एनएचएआई के अधिकारियों से कई बार जलभराव, स्ट्रीट लाइट और सड़क की बदहाली को लेकर शिकायत की जा चुकी है। इसके बावजूद समस्या का स्थायी समाधान नहीं किया गया।

अब हाईवे की अव्यवस्थाओं से जुड़े फोटो और वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं। लोग इन तस्वीरों और वीडियो के जरिए हाईवे की व्यवस्थाओं पर सवाल उठा रहे हैं और प्रशासनिक दावों की आलोचना कर रहे हैं।

टोल टैक्स के बदले सुविधाओं पर उठे सवाल

सोशल मीडिया पर लोग सवाल कर रहे हैं कि हाईवे से मोटा टोल टैक्स वसूलने के बावजूद यात्रियों को बुनियादी सुविधाएं क्यों नहीं मिल रही हैं। लोगों का कहना है कि हाईवे पर सुरक्षित और सुगम यातायात, पर्याप्त रोशनी, गड्ढामुक्त सड़क और जल निकासी जैसी व्यवस्थाएं सुनिश्चित करना संबंधित एजेंसियों की जिम्मेदारी है।

स्थानीय लोगों और हाईवे से गुजरने वाले श्रद्धालुओं की मांग है कि संबंधित विभाग जल्द से जल्द स्ट्रीट लाइटों को दुरुस्त कराने, सड़क के गड्ढों को भरने और नारसन में जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान करने की दिशा में कार्रवाई करे, ताकि बारिश और रात के समय किसी बड़े हादसे की आशंका को टाला जा सके।