


नई दिल्ली। राजधानी दिल्ली में पर्यावरण संरक्षण और स्वच्छ ऊर्जा आधारित परिवहन को बढ़ावा देने की दिशा में एक ऐतिहासिक पहल की गई है। पहली बार हाइड्रोजन गैस से संचालित बसों का संचालन शुरू किया गया है। इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन ने दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन को दो अत्याधुनिक हाइड्रोजन बसें सौंपी हैं।
दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन ने 15 मई से सेंट्रल विस्टा क्षेत्र में एकीकृत हाइड्रोजन चालित शटल बस सेवा शुरू कर दी है। यह पहल आवास एवं शहरी कार्य मंत्रालय तथा पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय के सहयोग से शुरू की गई है। इसका उद्देश्य स्वच्छ, टिकाऊ और आधुनिक सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को मजबूत करना है।

यह बस सेवा सेंट्रल सचिवालय और सेवा तीर्थ मेट्रो स्टेशन के बीच संचालित होगी। इससे सेंट्रल विस्टा क्षेत्र में स्थित प्रमुख सरकारी कार्यालयों तक बेहतर संपर्क सुविधा उपलब्ध होगी। सेवा का संचालन सोमवार से शुक्रवार तक किया जाएगा। बसें सुबह 8:30 बजे से दोपहर 12:30 बजे तक और फिर दोपहर 3:30 बजे से शाम 6:30 बजे तक चलेंगी।
इन बसों में जीपीएस आधारित ट्रैकिंग और सीसीटीवी कैमरों की सुविधा उपलब्ध कराई गई है, जिससे यात्रियों की सुरक्षा और समयबद्ध संचालन सुनिश्चित किया जा सके। यह सेवा कार्तव्य भवन, विज्ञान भवन, निर्माण भवन, अकबर रोड, बड़ौदा हाउस, नेशनल स्टेडियम, नेशनल गैलरी ऑफ मॉडर्न आर्ट्स और इंडिया गेट जैसे प्रमुख स्थानों को जोड़ेगी।
सरकार का मानना है कि इस पहल से निजी वाहनों पर निर्भरता कम होगी और पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा। हाइड्रोजन आधारित सार्वजनिक परिवहन भविष्य की स्वच्छ ऊर्जा व्यवस्था की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
