

देहरादून जिले में मार्च से अब तक करीब 10 मरीजों में डेंगू की पुष्टि होने के बाद स्वास्थ्य विभाग सतर्क हो गया है। आमतौर पर डेंगू के मामले जुलाई के बाद सामने आते हैं, लेकिन इस बार मार्च-अप्रैल में ही केस मिलने से विभाग ने एहतियाती कदम तेज कर दिए हैं।

स्वास्थ्य विभाग ने सभी सरकारी और निजी अस्पतालों को डेंगू और मलेरिया से निपटने के लिए एडवाइजरी जारी की है। इसके तहत अस्पतालों में आइसोलेशन वार्ड तैयार करने और हर बेड पर मच्छरदानी लगाने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही आवश्यक दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने को भी कहा गया है।

विभाग ने यह भी निर्देश दिए हैं कि सभी पॉजिटिव मामलों को आईडीएसपी पोर्टल पर बिना देरी के अपलोड किया जाए, ताकि समय रहते स्थिति पर नियंत्रण रखा जा सके।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. मनोज कुमार शर्मा ने बताया कि डेंगू के मामलों की पुष्टि केवल एलाइजा जांच के आधार पर ही की जाए। उन्होंने कहा कि कई बार कार्ड टेस्ट में मरीज पॉजिटिव दिखता है, लेकिन एलाइजा जांच में नेगेटिव आता है। इसलिए एलाइजा को ही सबसे प्रामाणिक जांच माना गया है।
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है, लेकिन डेंगू और मलेरिया के प्रसार को रोकने के लिए अभी से व्यापक तैयारी शुरू कर दी गई है।
