हरिद्वार पुलिस ने पकड़ा अंतरराज्यीय वाहन चोर गिरोह, 18 चोरी की बाइक बरामद

रुड़की/मंगलौर। हरिद्वार पुलिस ने वाहन चोरी की घटनाओं पर बड़ी कार्रवाई करते हुए अंतरराज्यीय वाहन चोर गिरोह का पर्दाफाश किया है। मंगलौर कोतवाली पुलिस ने दो शातिर वाहन चोरों को गिरफ्तार कर उनकी निशानदेही पर कुल 18 चोरी की मोटरसाइकिलें बरामद की हैं। बरामद वाहनों में हरिद्वार के विभिन्न थाना क्षेत्रों के अलावा उत्तर प्रदेश और हरियाणा से चोरी की गई बाइक भी शामिल हैं।

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नवनीत सिंह के निर्देश पर बढ़ती वाहन चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए विशेष पुलिस टीम का गठन किया गया था। पुलिस अधीक्षक ग्रामीण के निर्देशन और क्षेत्राधिकारी मंगलौर के पर्यवेक्षण में प्रभारी निरीक्षक भगवान सिंह महर के नेतृत्व में टीम ने लगातार अभियान चलाया।

जांच के दौरान पुलिस ने घटनास्थलों और संभावित मार्गों पर लगे करीब 521 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। साथ ही मुखबिर तंत्र को सक्रिय कर पूर्व में वाहन चोरी में शामिल अपराधियों का सत्यापन किया गया। जांच में पता चला कि आरोपी पहचान छिपाने के लिए बार-बार मास्क, कपड़े और हेयर स्टाइल बदलते थे, जिससे उनकी पहचान करना चुनौतीपूर्ण हो गया था।

24 जुलाई 2026 को मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने हसीन पुत्र रईस और सोनू पुत्र अल्हादिया, दोनों निवासी ग्राम टांडा भनेड़ा, थाना मंगलौर को गिरफ्तार कर लिया। उनके कब्जे से पहले दो चोरी की मोटरसाइकिलें बरामद हुईं। पूछताछ और निशानदेही के आधार पर अलग-अलग स्थानों से 16 अन्य बाइक बरामद कर कुल 18 चोरी की मोटरसाइकिलें बरामद की गईं।

पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि उन्होंने हरिद्वार के मंगलौर, भगवानपुर, झबरेड़ा, रुड़की और कलियर के अलावा उत्तर प्रदेश के देवबंद, सहारनपुर, मुजफ्फरनगर तथा हरियाणा के पानीपत सहित कई स्थानों से मोटरसाइकिलें चोरी की थीं। अन्य राज्यों और जनपदों से जुड़े मामलों की जानकारी संबंधित पुलिस इकाइयों को भेजी जा रही है।

पुलिस के अनुसार आरोपी पैदल क्षेत्रों में पहुंचकर मौका मिलते ही मोटरसाइकिल चोरी कर फरार हो जाते थे। वारदात के बाद वे लगातार कपड़े, मास्क और हेयर स्टाइल बदलकर अपनी पहचान छिपाते थे। जांच में यह भी सामने आया कि दोनों आरोपियों के खिलाफ वाहन चोरी के कई मुकदमे पहले से दर्ज हैं। पुलिस उनके आपराधिक इतिहास की भी जांच कर रही है।

हरिद्वार पुलिस ने कहा कि जनपद में वाहन चोरी करने वालों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति के तहत कार्रवाई जारी रहेगी और ऐसे अपराधियों को कानून के दायरे में लाया जाएगा।

कार्रवाई में शामिल पुलिस टीम: प्रभारी निरीक्षक भगवान सिंह महर, उपनिरीक्षक नितिन विष्ट, हेड कांस्टेबल श्यामबाबू, कांस्टेबल रणवीर, मनदीप, उत्तम सिंह, के.डी. राणा तथा मोहम्मद आमिर।