
अल्मोड़ा जिले की सोमेश्वर विधायक एवं कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या के पति गिरधारी लाल साहू के विवादित बयान को लेकर सियासत तेज हो गई है। शुक्रवार को कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने नगर के चौघानपाटा और सोमेश्वर मुख्य चौराहे पर कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या और उनके पति का पुतला फूंका। इस दौरान जमकर नारेबाजी की गई और बयान को महिलाओं का अपमान बताया गया।
कांग्रेस कार्यकर्ताओं का आरोप है कि गिरधारी लाल साहू ने अपने बयान में बिहार से लड़कियां लाकर सोमेश्वर के युवाओं से विवाह कराने जैसी टिप्पणी की, जो निंदनीय और शर्मनाक है। कांग्रेस जिला अध्यक्ष भूपेंद्र सिंह भोज ने कहा कि यह बयान न केवल महिलाओं का अपमान है, बल्कि देश की बेटियों की भावनाओं को भी ठेस पहुंचाता है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा के संरक्षण में नेताओं और उनके परिजनों में महिलाओं को वस्तु समझने की मानसिकता पनप रही है।
विधायक मनोज तिवारी ने इस बयान को “बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ” जैसे नारों पर करारा तमाचा बताया और कहा कि भाजपा की कथनी और करनी में बड़ा अंतर है। कांग्रेस ने चेतावनी दी कि जब तक दोषियों पर सख्त कार्रवाई नहीं होती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। प्रदर्शन में नगर अध्यक्ष तारा चंद्र जोशी, महिला जिलाध्यक्ष राधा बिष्ट, यूकां जिलाध्यक्ष दीपक कुमार सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।
माफी मांगी गिरधारी लाल साहू ने
विवाद बढ़ने के बाद गिरधारी लाल साहू ने अपने बयान पर सफाई देते हुए माफी मांगी है। उन्होंने कहा कि उनके बयान को विपक्ष ने तोड़-मरोड़कर पेश किया है। साहू ने दावा किया कि वे देश की सभी बहन-बेटियों को देवी के समान सम्मान देते हैं और यदि उनके शब्दों से किसी को ठेस पहुंची है तो वे हाथ जोड़कर माफी मांगते हैं।
