उत्तराखंड कैबिनेट बैठक: 10 प्रस्तावों पर हुई चर्चा, 7 को मंजूरी — मुआवजा बढ़ा, महिलाओं को नाइट शिफ्ट की अनुमति

देहरादून।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में मंगलवार को आयोजित उत्तराखंड कैबिनेट बैठक में महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। बैठक में कुल 10 प्रस्ताव पेश किए गए, जिनमें से 7 प्रस्तावों को मंजूरी दी गई है, जबकि 2 प्रस्तावों को पुनर्विचार के लिए वापस भेजा गया है। ये फैसले रोजगार, न्यायिक प्रणाली, शहरी परिवहन और मानव-वन्यजीव संघर्ष से प्रभावित परिवारों पर सीधा प्रभाव डालेंगे।


मंज़ूर हुए 7 बड़े प्रस्ताव

1️⃣ मानव-वन्यजीव संघर्ष में मुआवजा 10 लाख रुपये

अब वन्य-जीव हमले में जान गंवाने पर परिजनों को 6 लाख के स्थान पर 10 लाख रुपये की सहायता राशि मिलेगी। इसके साथ ही घायल व्यक्तियों के उपचार का पूरा खर्च राज्य सरकार उठाएगी।
यह निर्णय पहाड़ी व जंगल क्षेत्रों में रहने वाले लोगों के लिए बड़ी राहत माना जा रहा है।

2️⃣ महिलाओं को नाइट शिफ्ट में काम करने की अनुमति

कैबिनेट ने दुकान-प्रतिष्ठान अधिनियम में संशोधन कर महिलाओं को रात 9 बजे से सुबह 6 बजे तक काम करने की मंजूरी दी है।
सुरक्षा, CCTV निगरानी और लिखित सहमति अनिवार्य होगी।
यह कदम महिला रोजगार और सशक्तिकरण के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

3️⃣ EBRTS / नियो-मेट्रो परियोजना को मंजूरी

राज्य में ट्रैफिक सुधार और सुरक्षित तेज यात्रा के लिए Elevated Bus Rapid Transit System (EBRTS) परियोजना को स्वीकृति दी गई।
यह देहरादून और आसपास के नगरों में सार्वजनिक परिवहन प्रणाली को आधुनिक बनाएगा।

4️⃣ अभियोजन विभाग में 46 नए पद

न्यायिक ढांचे को सुदृढ़ करने के लिए देहरादून, हरिद्वार, ऊधमसिंह नगर, नैनीताल में 46 सहायक अभियोजन अधिकारी (APO) पदों का सृजन किया जाएगा।
इससे लंबित मामलों का निस्तारण तेज होगा।

5️⃣ विभागीय रिपोर्टें विधानसभा पटल पर

Uttarakhand Biodiversity Board की 2024-25 वार्षिक रिपोर्ट

UJVNL (ऊर्जा निगम) की 2022-23 वित्तीय रिपोर्ट
अब विधानसभा में प्रस्तुत की जाएगी।

6️⃣ दुकान-प्रतिष्ठान पंजीकरण नियम में संशोधन

पंजीकरण के लिए आवश्यक कर्मचारियों की संख्या को 10 से बढ़ाकर 20 कर दिया गया है, जिससे छोटे व्यवसायियों को राहत मिलेगी।

7️⃣ जिला विकास मानचित्र स्वीकृति प्रक्रिया में सुधार

निर्माण और विकास परियोजनाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित करने हेतु संशोधन को मंजूरी मिली।


3 प्रस्ताव वापस

शिक्षा और प्रशासन ढांचे से जुड़े 2 प्रस्ताव विस्तृत समीक्षा के लिए वापस भेजे गए हैं।


मुख्यमंत्री धामी का बयान

“जनता की सुविधा और विकास हमारी सरकार की पहली प्राथमिकता है। ये फैसले राज्य को प्रगतिशील दिशा देने में महत्वपूर्ण साबित होंगे।”


निष्कर्ष

इन निर्णयों से
✔ रोजगार के अवसर बढ़ेंगे
✔ महिलाएं अधिक सुरक्षित वातावरण में काम कर सकेंगी
✔ शहरी ट्रैफिक सुधरेगा
✔ न्याय व्यवस्था मजबूत होगी
✔ व्यवसाय को प्रोत्साहन मिलेगा