एलयूसीसी घोटाले में हो चुकी 10 चार्जशीट दाखिल, विशेष न्यायालय ने लिया संज्ञान

राज्यभर में एलयूसीसी चिटफंड के नाम पर ठगे गए सैकड़ों पीड़ितों के लिए राहत की खबर है। यह मामला अनियमित जमा योजनाओं पर प्रतिबंध अधिनियम, 2019 (बड्स एक्ट) की विशेष अदालत में महत्वपूर्ण मोड़ पर पहुंच चुका है जहां पुलिस ने 10 मुकदमों में चार्जशीट दाखिल कर दी है। विशेष न्यायालय ने सभी चार्जशीट पर संज्ञान भी ले लिया है, जिसमें अब आरोप तय करने की कार्यवाही शुरू हो गई है।

वरिष्ठ लोक अभियोजक पंकज कुमार राय ने बताया कि एलयूसीसी के 10 मामलों में अगस्त तक पुलिस की चार्जशीट दाखिल हो चुकी है। इन मामलों में लगातार तारीख लग रही हैं, जिसमें कोर्ट की ओर से आरोप निर्धारण के लिए आरोपियों को नोटिस भेजे जा रहे हैं। सोमवार को भी एक मामले में आरोपियों को नोटिस जारी हुए। मामलों में अभियुक्तों की उपस्थिति नियत होने के बाद आरोप तय किए जाएंगे। इसके पश्चात गवाही की प्रक्रिया होगी।

इस घोटाले के तहत कथित नेटवर्किंग योजनाओं में निवेश के नाम पर प्रदेशभर में सैकड़ों लोगों से करोड़ों रुपयों की ठगी हुई है। इस सिलसिले में विभिन्न राज्यों के पीड़ित रकम वापसी की मांग पर देहरादून में प्रदर्शन भी कर रहे हैं। ऐसे में देहरादून में बड्स एक्ट की विशेष अदालत की त्वरित कार्यवाही पीड़ितों के लिए बड़ी उम्मीद बनी है। जैसे ही आरोप तय होंगे तो मुकदमों की सुनवाई शुरू हो जाएगी। सुनवाई के चलते गवाह और साक्ष्य पेश करने की प्रक्रिया में जांच दस्तावेज, जिनमें बैंक ट्रांजेक्शन समेत कई जानकारियां अदालत के सामने आ सकेंगी। इससे पीड़ितों को न्याय मिलने की आस रहेगी, जो रुपये वापस मिलने की राह देख रहे हैं।

इन थानों से दाखिल हुई हैं चार्जशीट
शिकायतों के आधार पर देवप्रयाग, घनसाली, कोटद्वार, पौड़ी, श्रीनगर, ऋषिकेश, देहरादून के पटेलनगर, उत्तरकाशी, चंबा, नई टिहरी थाने में साल 2024-25 के बीच 10 एफआईआर दर्ज हुई थीं। इन सभी की ओर से आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की जा चुकी हैं। तीन नए मामलों में पुलिस जांच कर रही थी मगर पिछले दिनों मामले में सीबीआई जांच की संस्तुति की जा चुकी है।