सिडकुल के चर्चित सूटकेस हत्याकांड में उम्रकैद, मुख्य आरोपी रोहित दोषी करार…

हरिद्वार। सिडकुल क्षेत्र की शिवनगर कॉलोनी में करीब चार वर्ष पूर्व हुए सनसनीखेज सूटकेस हत्याकांड में अदालत ने कड़ा फैसला सुनाया है। तृतीय अपर सत्र न्यायाधीश की अदालत ने मुख्य आरोपी रोहित को अपनी लिव-इन पार्टनर की हत्या का दोषी मानते हुए सश्रम आजीवन कारावास और 30 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है।

वहीं, साक्ष्य छिपाने और अपराधी की सहायता करने की दोषी पाई गई सह-अभियुक्ता मंजू को पांच वर्ष का सश्रम कारावास और पांच हजार रुपये जुर्माना लगाया गया है।

त्रिकोणीय संबंध बना वारदात की वजह

घटना मई 2020 की है, जब कोरोना महामारी के बीच सिडकुल की एक फैक्ट्री में कार्यरत रोहित अपनी लिव-इन पार्टनर सोनम उर्फ वर्षा के साथ शिवनगर कॉलोनी में रह रहा था। उसी मकान में मंजू नाम की महिला भी किराये पर रहती थी।

जांच में सामने आया कि रोहित के दोनों महिलाओं से संबंध थे, जिसके चलते घर में अक्सर विवाद होता था। इसी मानसिक तनाव और त्रिकोणीय प्रेम प्रसंग के चलते 24 मई 2020 की रात रोहित ने मंजू के साथ मिलकर सोनम की हत्या कर दी।

वारदात के बाद आरोपियों ने शव को ठिकाने लगाने के इरादे से उसे सूटकेस में बंद कर बाथरूम में छिपा दिया था। सूचना मिलने पर पुलिस ने शव बरामद किया और मामले का खुलासा किया।

पुलिस की जांच बनी निर्णायक

तत्कालीन सिडकुल थाना प्रभारी एवं वर्तमान में हिंडोलाखाल थानाध्यक्ष लखपत सिंह बुटोला के नेतृत्व में पुलिस टीम ने तकनीकी और भौतिक साक्ष्यों को जोड़ते हुए मामले की गुत्थी सुलझाई।

मुख्य आरोपी रोहित को तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर उत्तर प्रदेश के कौशांबी से गिरफ्तार किया गया, जबकि सह-अभियुक्ता मंजू को डेंसो चौक के पास से दबोचा गया।

अभियोजन पक्ष ने न्यायालय में 12 गवाह पेश कर अपराध को सिद्ध किया। अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलों और साक्ष्यों का परीक्षण करने के बाद माना कि रोहित ने हत्या के साथ-साथ साक्ष्य मिटाने का भी प्रयास किया।

अदालत के इस फैसले को समाज में अपराध के खिलाफ एक सख्त संदेश के रूप में देखा जा रहा है।