मस्जिद सील किए जाने के विरोध में मुस्लिम समुदाय का प्रदर्शन, जिलाधिकारी कार्यालय कूच की तैयारी

देहरादून,
थानो क्षेत्र में कुछ दिन पूर्व मस्जिद सील किए जाने की कार्रवाई को लेकर मुस्लिम सेवा संगठन में आक्रोश व्याप्त है। संगठन के आह्वान पर शुक्रवार को बड़ी संख्या में मुस्लिम समुदाय के लोग जिलाधिकारी कार्यालय कूच करने के लिए एकत्र हुए। प्रदर्शन को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए और क्षेत्र में भारी पुलिस बल तैनात किया गया।

मुस्लिम सेवा संगठन का आरोप है कि संबंधित मस्जिद के सभी आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध होने के बावजूद उसे सील कर दिया गया। संगठन के पदाधिकारियों का कहना है कि प्रशासन की यह कार्रवाई अनुचित है और इसके खिलाफ समुदाय के लोग लोकतांत्रिक तरीके से अपनी आवाज उठा रहे हैं।

गौरतलब है कि थानो क्षेत्र के ग्राम कण्डोगल, कुडियाल गांव स्थित जामा मस्जिद एवं मदरसे के भूतल को पुलिस-प्रशासन की मौजूदगी में एमडीडीए द्वारा सील कर दिया गया था। इस कार्रवाई का मस्जिद पक्ष ने विरोध भी किया था। वहीं कार्रवाई के बाद काली सेना, बजरंग दल और स्थानीय लोगों ने थानो चौक पर हवन कर प्रशासन के कदम का समर्थन किया।

स्थानीय लोगों और विभिन्न संगठनों का आरोप है कि संबंधित मस्जिद उत्तराखंड वक्फ बोर्ड और मदरसा बोर्ड में पंजीकृत नहीं थी। इस संबंध में संबंधित विभागों द्वारा जांच भी की गई थी। जांच के बाद पहले मस्जिद के प्रथम तल को 17 दिसंबर को सील किया गया, जबकि कुछ दिन पूर्व भूतल को भी सील कर दिया गया।

काली सेना, बजरंग दल और स्थानीय नागरिक लंबे समय से इस मामले में कार्रवाई की मांग कर रहे थे। इसके लिए विभिन्न संगठनों द्वारा कई बार धरना-प्रदर्शन भी किए गए। काली सेना के प्रदेश प्रमुख भूपेश जोशी ने कहा कि उनकी मांग है कि नियमानुसार आगे की कार्रवाई करते हुए मस्जिद का ध्वस्तीकरण किया जाए।

वहीं मुस्लिम सेवा संगठन ने प्रशासन से कार्रवाई की निष्पक्ष समीक्षा करने और मस्जिद को सील किए जाने के निर्णय पर पुनर्विचार करने की मांग की है। मामले को लेकर क्षेत्र में संवेदनशील स्थिति बनी हुई है, जिस पर प्रशासन लगातार नजर बनाए हुए है।