इंडियन फ़ार्माकोपिया कमिशन (आईपीसी) ने स्वास्थ्यकर्मियों और मरीजों को पेनकिलर मेफ़्टाल के विपरित प्रभावों पर नज़र रखने के लिए कहा है…आम तौर पर इसका इस्तेमाल माहवारी के दौरान के दर्द और रूमाटॉइड अर्थराइटिस में किया जाता है…


आयोग ने अपनी रिपोर्ट कहा है कि फार्माकोविजिलेंस प्रोग्राम ऑफ़ इंडिया (पीवीपीआई) के विश्लेषण में प्राथमिक तौर पर दवाई के साइड इफेक्ट में इसोनोफिलिया एंड सिस्टमेटिक सिंड्रोम (डीआरईएसएस) का पता चला है…
30 नवंबर को जारी अलर्ट में कहा गया है कि स्वास्थ्यकर्मी और मरीजों को सलाह दी जाती है कि वो दवाई के विपरित प्रभाव पर नजर रखें. और अगर उन्हें इसका पता चलता है तो वो हेल्पलाइन नंबर- 1800-180-3024 पर कॉल करें
इंडियन फार्माकोपिया कमीशन (IPC) के ड्रग सेफ्टी अलर्ट में मेफेनमिक एसिड को सस्पेक्टेड ड्रग बताया गया है. मतलब मेफेनमिक एसिड जिस भी दवा में मौजूद है, ये अलर्ट उसके लिए है…
सिर्फ़ मेफेनमिक एसिड की बात करें तो ये मार्केट में Meftal नाम से बिकती है. इसका इस्तेमाल कई तरह के आर्थराइटिस, बुखार, दांत दर्द और दूसरे कई तरह के दर्द में होता है!