भराड़ीसैंण में सुहावना मौसम, लेकिन स्थायी राजधानी का सपना अभी दूर

Chamoli : ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण की पहाड़ियों पर स्थित भराड़ीसैंण इन दिनों प्राकृतिक सुंदरता और सुहावने मौसम से सराबोर है। बांज और बुरांस के घने जंगलों से घिरे इस क्षेत्र में दिन के समय सुनहरी धूप और सुबह-शाम हल्की ठंड का एहसास लोगों को आकर्षित कर रहा है।

इन दिनों विधानसभा सत्र के चलते पूरी सरकार भराड़ीसैंण में मौजूद है। सत्र में सभी मंत्री, विधायक और वरिष्ठ अधिकारी पहुंचे हुए हैं। सत्र की व्यवस्थाओं और सुरक्षा के लिए भी सैकड़ों कर्मचारी तैनात किए गए हैं। सदन के भीतर जनहित से जुड़े मुद्दों पर चर्चा हो रही है, लेकिन सदन के बाहर लोगों की जुबान पर यही सवाल है कि सत्र कब समाप्त होगा।

राज्य आंदोलन की अवधारणा के अनुसार गैरसैंण को स्थायी राजधानी बनाने का सपना लंबे समय से देखा जा रहा है, लेकिन मौजूदा परिस्थितियों में यहां स्थायी रूप से रुकने के लिए अभी पर्याप्त सुविधाएं उपलब्ध नहीं हैं। यही वजह है कि अधिकतर लोग सत्र समाप्त होने के बाद जल्द ही वापस लौटने की तैयारी में रहते हैं।

भराड़ीसैंण में अवस्थापना विकास के कुछ कार्य जरूर आगे बढ़ रहे हैं, लेकिन स्थायी राजधानी के सपने को साकार करने के लिए अभी काफी काम किया जाना बाकी है। यहां ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों के लिए भी पर्याप्त ठहरने की व्यवस्था नहीं हो पाई है, जिससे उन्हें असुविधा का सामना करना पड़ रहा है।

सरकार गैरसैंण को स्मार्ट सिटी के रूप में विकसित करने की योजना पर काम कर रही है, लेकिन इस योजना को पूरी तरह धरातल पर उतरने में अभी काफी समय लगने की संभावना है।